ब्रेकिंग न्यूज़
ग्रामीण की मौत और आरोपों का अंबारब्रेकिंग न्यूज़: सरगुजा में भारी बारिश की चेतावनी!मोदी सरकार के 12 वर्ष मे विकास नहीं, सिर्फ जुमले हुये. जनता इस सरकार से परेशान : गिरीश देवांगनSDM करुण डहरिया व उसके साथियो ने किया आदिवासी किसान की हत्या, 4 गए जेलAmbikapur : मतदाता सूची से वैध नाम हटाने पर कांग्रेस का तीखा हमला, “घोर लापरवाही और लोकतांत्रिक अधिकारों पर प्रहार”ग्रामीण की मौत और आरोपों का अंबारब्रेकिंग न्यूज़: सरगुजा में भारी बारिश की चेतावनी!मोदी सरकार के 12 वर्ष मे विकास नहीं, सिर्फ जुमले हुये. जनता इस सरकार से परेशान : गिरीश देवांगनSDM करुण डहरिया व उसके साथियो ने किया आदिवासी किसान की हत्या, 4 गए जेलAmbikapur : मतदाता सूची से वैध नाम हटाने पर कांग्रेस का तीखा हमला, “घोर लापरवाही और लोकतांत्रिक अधिकारों पर प्रहार”
ताजा खबर

3 महीने बाद भी सरपंच “बिना प्रभार” – ग्राम पंचायत सकालो में प्रशासनिक तमाचा! पढ़े पूरी खबर। .......

द्वारा: SURGUJA TIMESप्रकाशित: 20 जून 2025दे देखा गया: 567 बार
अक्षर:
शेयर:f𝕏
3 महीने बाद भी सरपंच “बिना प्रभार” – ग्राम पंचायत सकालो में प्रशासनिक तमाचा! पढ़े पूरी खबर। .......

अम्बिकापुर | विशेष रिपोर्ट | सुरेश गाईन | सरगुजा टाइम्स ग्राम पंचायत सकालो में एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है – पंचायत चुनाव को तीन महीने से ज़्यादा बीत चुके हैं, लेकिन आज तक नवनिर्वाचित सरपंच को प्रभार ही नहीं सौंपा गया! और इस प्रशासनिक सुस्ती...

Advertisement

अम्बिकापुर | विशेष रिपोर्ट | सुरेश गाईन | सरगुजा टाइम्स
ग्राम पंचायत सकालो में एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है – पंचायत चुनाव को तीन महीने से ज़्यादा बीत चुके हैं, लेकिन आज तक नवनिर्वाचित सरपंच को प्रभार ही नहीं सौंपा गया! और इस प्रशासनिक सुस्ती की कीमत चुकानी पड़ रही है पूरे गांव को – बदहाल रास्तों, ठप पड़ी योजनाओं और प्रशासनिक पंगुता के रूप में।

जब हमारे संवाददाता ने ग्राम पंचायत सकालो के नवनिर्वाचित सरपंच से बात की, तो उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा

नवनिर्वाचित सरपंच : सुरेश। ..

“मुझे अब तक पंचायत का प्रभार नहीं सौंपा गया है, इसी कारण मैं किसी भी पंचायत कार्य में हस्तक्षेप नहीं कर सकता।”

अब सवाल ये उठता है:
👉 क्या ये एक आम तकनीकी चूक है या जानबूझकर की जा रही प्रशासनिक लापरवाही?
👉 अगर सरपंच ही "प्रभारी" नहीं है, तो फिर गांव की बागडोर किसके हाथ में है?
👉 क्या ये लोकतंत्र का अपमान नहीं है, जब जनता द्वारा चुना गया प्रतिनिधि अधिकारविहीन बना बैठा है?

इस लापरवाही के गंभीर परिणाम पहले ही दिखने लगे हैं:

बाईपास रोड निर्माण से ग्रामीण रास्ता पूरी तरह बाधित

Advertisement

बारिश में दलदल में तब्दील रास्ते से ग्रामीणों की आवाजाही ठप

प्रशासन और पंचायत दोनों की चुप्पी – ग्रामीण त्रस्त

⚠️ प्रशासन की चुप्पी अब संदेह के घेरे में है।
तीन महीने बाद भी प्रभार नहीं देना क्या सिर्फ़ "कागज़ी देरी" है या इसके पीछे कोई और कहानी है?

📣 अब जनता पूछ रही है: “अगर सरपंच को प्रभार नहीं, तो हमें अधिकार कैसे मिलेंगे? अगर पंचायत मौन, तो न्याय कौन देगा?”

Advertisement

🎭 समाचार पर अपनी प्रतिक्रिया दें (Share Your Reaction):

💬 पाठकों की राय (0)

सभ्य भाषा का प्रयोग करें।

अपनी टिप्पणी लिखें (Write Your Comment):

टिप्पणियां लोड की जा रही हैं...
3 महीने बाद भी सरपंच “बिना प्रभार” – ग्राम पंचायत सकालो में प्रशासनिक तमाचा! पढ़े पूरी खबर। ....... | सरगुजा टाइम्स